झारखण्ड/पाकुड़ समाहरणालय में उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में ‘जिला स्तरीय छात्रवृत्ति स्वीकृति एवं अनुश्रवण समिति’ की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य प्री-मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना के तहत प्राप्त आवेदनों की समीक्षा करना और पात्र छात्र-छात्राओं को समय पर सहायता राशि पहुँचाना था।
मुख्य निर्णय और आंकड़े
बैठक के दौरान जिला कल्याण पदाधिकारी सह परियोजना निदेशक (ITDA), अरूण कुमार एक्का ने समिति के समक्ष आवेदनों की वर्तमान स्थिति प्रस्तुत की। गहन जांच और विभागीय दिशा-निर्देशों के आधार पर निम्नलिखित निर्णय लिए गए:
कुल स्वीकृत आवेदन: 24,116 छात्र-छात्राओं के आवेदनों को समिति ने सर्वसम्मति से स्वीकृति दी।
लाभार्थी वर्ग: सरकारी विद्यालयों में पढ़ने वाले अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) एवं पिछड़ा वर्ग (OBC) के विद्यार्थी।
भुगतान की प्रक्रिया: स्वीकृत राशि का भुगतान डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से सीधे छात्रों के बैंक खातों में किया जाएगा।
समयबद्ध भुगतान पर जोर
उपायुक्त मनीष कुमार ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि कोषागार से विपत्र (Bills) पारित कराने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्रवृत्ति वितरण में किसी भी प्रकार का विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
“छात्रवृत्ति योजनाओं का समय पर क्रियान्वयन विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति के लिए अनिवार्य है। हमारा लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि जिले का कोई भी पात्र विद्यार्थी आर्थिक सहायता के अभाव में अपनी शिक्षा से वंचित न रहे।”
मनीष कुमार,उपायुक्त
प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिया है कि वे पोर्टल पर सत्यापन की शेष प्रक्रियाओं को जल्द पूरा करें ताकि भुगतान की प्रक्रिया शीघ्र शुरू हो सके।
संवादाता पाकुड़








