उपायुक्त और उप विकास आयुक्त ने किया तेनुघाट उप-कोषागार का औचक निरीक्षण।

झारखण्ड/बोकारो (तेनुघाट): वित्तीय अनुशासन और पारदर्शिता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से गुरुवार को बोकारो के उपायुक्त (DC) अजय नाथ झा एवं उप विकास आयुक्त (DDC) शताब्दी मजूमदार ने संयुक्त रूप से उप-कोषागार बेरमो, तेनुघाट का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने कार्यालय के विभिन्न कक्षों, अभिलेखों और वित्तीय रिकॉर्ड्स की सूक्ष्मता से जांच की।
अभिलेखों और वित्तीय पंजी की गहन समीक्षा
निरीक्षण दल ने कोषागार के कामकाज का जायजा लेते हुए कई महत्वपूर्ण पंजियों की समीक्षा की, जिनमें मुख्य रूप से शामिल हैं:
रोकड़ पंजी (Cash Book) एवं आवंटन पंजी।
आगत-निर्गत पंजी और इंडेक्स पंजी।
कर्मचारियों की सेवा पंजी (Service Book)
विभिन्न विभागों के पीएल (Personal Ledger) खाते
GST और आयकर कटौती पर कड़े निर्देश
समीक्षा के दौरान उपायुक्त और डीडीसी ने विशेष रूप से GST एवं आयकर (IT) कटौती की राशि और उसे सरकारी खाते में जमा करने की स्थिति पर ध्यान केंद्रित किया। उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को कड़ा निर्देश देते हुए कहा कि:

> “अगले एक सप्ताह के भीतर जीएसटी और आयकर कटौती से संबंधित अद्यतन (Updated) विवरणी कार्यालय को उपलब्ध कराई जाए। इसमें किसी भी प्रकार की कोताही स्वीकार्य नहीं होगी।”

इसके साथ ही, जिले के अन्य विभागों के आहरण एवं संवितरण पदाधिकारियों (DDO) को भी निर्देशित किया गया कि वे अपने स्तर पर नियमित जांच सुनिश्चित करें ताकि वित्तीय अनियमितता की गुंजाइश न रहे।
प्रशासनिक पारदर्शिता और रख-रखाव पर जोर
उपायुक्त अजय नाथ झा ने निरीक्षण के उपरांत कहा कि अभिलेखों का अद्यतन संधारण और वित्तीय प्रक्रियाओं में पारदर्शिता शासन व्यवस्था का मूल आधार है। उन्होंने कार्यालय की साफ-सफाई पर संतोष व्यक्त किया, लेकिन साथ ही रिकॉर्ड रूम के निरीक्षण के दौरान दस्तावेजों की सुरक्षा को लेकर विशेष हिदायत दी। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी महत्वपूर्ण फाइलों और दस्तावेजों को मानक के अनुरूप लाल कपड़े में व्यवस्थित और सुरक्षित रखा जाए।
निरीक्षण के दौरान उपस्थित अधिकारी
इस अवसर पर प्रशासनिक अमले के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जिनमें मुख्य रूप से:
मुकेश मछुआ (अनुमंडल पदाधिकारी, बेरमो)
कुमार कनिष्क (कार्यपालक दंडाधिकारी)
राहुल कुजूर(उप-कोषागार पदाधिकारी)
तथा उप-कोषागार के अन्य कर्मचारी एवं पदाधिकारी।
इस निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य सरकारी धन के सदुपयोग की निगरानी करना और यह सुनिश्चित करना है कि सभी वित्तीय लेनदेन निर्धारित सरकारी मानकों के अनुरूप हो रहे हैं।

DCN News 24
Author: DCN News 24

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