झारखंड/पाकुड़। उपायुक्त मेघा भारद्वाज की अध्यक्षता में शुक्रवार को समाहरणालय स्थित कार्यालय प्रकोष्ठ में एनएच-333ए शिमलौंग–धरमपुर मोड़–लिट्टीपाड़ा–पाकुड़ पथ तथा शहरकोल से पियादापुर (पाकुड़ बाईपास) सड़क परियोजना की प्रगति को लेकर समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई।
बैठक में उपायुक्त ने दोनों महत्त्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं की अद्यतन स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान भूमि अधिग्रहण, मुआवजा भुगतान, वन एवं राजस्व संबंधी मामलों सहित निर्माण कार्य में आ रही विभिन्न बाधाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। उन्होंने संबंधित विभागों एवं कार्यदायी एजेंसियों से परियोजनावार प्रगति की जानकारी प्राप्त करते हुए सभी लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया कि परियोजनाओं से प्रभावित रैयतों को मुआवजा राशि का भुगतान विशेष शिविरों के माध्यम से समयबद्ध, पारदर्शी एवं सुगम तरीके से कराया जाए। उन्होंने कहा कि भुगतान प्रक्रिया में किसी भी पात्र रैयत को अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़े। इसके लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन करें।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सड़क निर्माण कार्य में आ रही सभी प्रशासनिक एवं तकनीकी बाधाओं का शीघ्र समाधान किया जाए। साथ ही भूमि अधिग्रहण एवं अन्य आवश्यक औपचारिकताओं को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण किया जाए, ताकि परियोजनाओं के निर्माण कार्य में किसी प्रकार की रुकावट उत्पन्न न हो।
उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा कि एनएच-333ए एवं पाकुड़ बाईपास सड़क परियोजनाएं जिले के समग्र विकास, सुगम आवागमन तथा क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों को नई गति प्रदान करने की दृष्टि से अत्यंत महत्त्वपूर्ण हैं। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने तथा परियोजनाओं की नियमित समीक्षा करते हुए प्रगति में तेजी लाने के निर्देश दिए।
बैठक में वन प्रमंडल पदाधिकारी, अपर समाहर्ता, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, संबंधित विभागों के पदाधिकारी, भूमि अधिग्रहण से जुड़े अधिकारी तथा कार्यदायी एजेंसियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।








